
चेन्नई। तमिलनाडु की राजनीति में अभिनेता से नेता बने तमिलगा वेत्री कषगम (TVK) प्रमुख सी. जोसेफ विजय को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। विजय को भविष्य में प्रधानमंत्री पद के चेहरे के तौर पर पेश किए जाने की चर्चाओं के बीच AIADMK महासचिव और पूर्व मुख्यमंत्री एडप्पादी के. पलानीस्वामी (EPS) ने उन पर तीखा तंज कसा है।
विजय को लेकर TVK के भीतर और समर्थकों के बीच राष्ट्रीय राजनीति में बड़ी भूमिका की मांग लगातार सामने आ रही है। इसी बीच पलानीस्वामी के बयान ने तमिलनाडु की सियासत में नई बहस छेड़ दी है।
‘विजय अमेरिका के राष्ट्रपति भी बन सकते हैं’
विजय को प्रधानमंत्री पद का चेहरा बनाए जाने की चर्चाओं पर पलानीस्वामी ने व्यंग्य करते हुए कहा कि विजय अमेरिका के राष्ट्रपति भी बन सकते हैं और डोनाल्ड ट्रंप की जगह ले सकते हैं।

EPS ने कहा कि इसमें कुछ गलत नहीं है, क्योंकि यह संबंधित नेता और उनके समर्थकों की इच्छा हो सकती है। पलानीस्वामी का यह बयान ऐसे समय आया है, जब TVK के कुछ नेता विजय को राज्य की राजनीति से आगे राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी भूमिका देने की खुली पैरवी कर रहे हैं।
‘रील्स बनाकर सरकार नहीं चलती’
पलानीस्वामी ने TVK के सोशल मीडिया और PR अभियान को लेकर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि जमीनी स्तर पर काम करने के बजाय सोशल मीडिया पर रील्स के जरिए राजनीति करने की कोशिश की जा रही है।
EPS ने कानून-व्यवस्था को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 110 दिनों के दौरान हत्या, डकैती और हिंसा जैसी घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है।
हालांकि, ये राजनीतिक आरोप हैं और इन पर संबंधित पक्ष का जवाब अलग हो सकता है।
विजय की चार्टर्ड फ्लाइट पर भी सवाल
पलानीस्वामी ने विजय की चार्टर्ड फ्लाइट से यात्रा को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री जे. जयललिता के कार्यकाल का उदाहरण देते हुए कहा कि सरकारी खर्च को नियंत्रित रखने के लिए उस समय वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कई परियोजनाओं का उद्घाटन किया जाता था।
EPS ने विजय की सार्वजनिक छवि और उनकी महंगी यात्राओं के बीच कथित विरोधाभास को भी राजनीतिक मुद्दा बनाया। उन्होंने सवाल उठाया कि खुद को आम और साधारण किसान के तौर पर पेश करने वाले नेता की यात्रा शैली को किस तरह देखा जाना चाहिए।
विजय को PM बनाने की मांग से बढ़ा विवाद
TVK नेताओं आधव अर्जुन और सरथकुमार की ओर से विजय को प्रधानमंत्री पद के लिए आगे बढ़ाने की पैरवी के बाद यह मुद्दा और गरमा गया है। तूतीकोरिन में विजय को प्रधानमंत्री बनाने की मांग वाले पोस्टर सामने आने की बात भी सामने आई है।
इससे साफ है कि TVK के भीतर विजय की राजनीतिक भूमिका को लेकर चर्चा अब केवल तमिलनाडु तक सीमित नहीं रह गई है। पार्टी समर्थक उन्हें भविष्य में राष्ट्रीय राजनीति में बड़ी जिम्मेदारी देने की मांग कर रहे हैं।
कांग्रेस के बयान से गठबंधन की चर्चा तेज
वहीं, कांग्रेस की ओर से भी TVK को लेकर सख्त संदेश सामने आने की बात कही जा रही है। मंत्री राजेश कुमार के कथित बयान के मुताबिक, यदि TVK राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद के लिए समर्थन देने पर सहमत नहीं होती है, तो सरकार में शामिल कांग्रेस के दो मंत्री इस्तीफा दे सकते हैं।
इस बयान के बाद तमिलनाडु के सत्तारूढ़ गठबंधन के भीतर संभावित राजनीतिक तनाव को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
क्यों अहम है विजय का PM फेस बनना?
विजय ने अभिनेता से सक्रिय राजनीति में कदम रखने के बाद तमिलनाडु की राजनीति में अपनी अलग जगह बनाने की कोशिश शुरू की है। ऐसे में उन्हें प्रधानमंत्री पद के संभावित चेहरे के तौर पर पेश किया जाना राज्य की राजनीति से आगे की महत्वाकांक्षा का संकेत माना जा रहा है।
दूसरी ओर, AIADMK जैसे प्रमुख विपक्षी दल के नेता का विजय पर सीधा तंज इस बात का संकेत है कि TVK को अब तमिलनाडु की चुनावी राजनीति में गंभीर राजनीतिक खिलाड़ी के रूप में लिया जा रहा है।
फिलहाल विजय को प्रधानमंत्री पद का चेहरा बनाए जाने की चर्चा राजनीतिक बयानबाजी और समर्थकों की मांग के स्तर पर है। आने वाले समय में TVK इस मुद्दे पर क्या आधिकारिक रुख अपनाती है, यह तमिलनाडु की राजनीति के लिए काफी महत्वपूर्ण होगा।



