
आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पेट्रोल में 20 प्रतिशत इथेनॉल मिश्रण (E20) की नीति को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ नया अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि 1 अगस्त को दिल्ली में ‘नेशनल टाउनहॉल अगेंस्ट E20’ आयोजित किया जाएगा, जहां विशेषज्ञ, वाहन मालिक और आम नागरिक इस विषय पर अपनी राय रख सकेंगे।
यह घोषणा ऐसे समय में हुई है जब केजरीवाल ने हालिया राजनीतिक घटनाक्रम का उल्लेख करते हुए कहा कि अब E20 के मुद्दे पर भी व्यापक जनचर्चा की जरूरत है।
क्या है पूरा मामला?
प्रेस कॉन्फ्रेंस में अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पेट्रोल में 20 प्रतिशत इथेनॉल मिश्रण की मौजूदा नीति को लेकर कई वाहन मालिक अपनी चिंताएं जता रहे हैं। उनके अनुसार, लोगों की शिकायत है कि इससे—
- कुछ वाहनों के प्रदर्शन पर असर पड़ रहा है।
- माइलेज कम होने की शिकायतें सामने आ रही हैं।
- वाहन मालिकों में तकनीकी अनुकूलता को लेकर भ्रम बना हुआ है।
केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इस मुद्दे पर समाधान निकालने की अपील की और कहा कि सरकार को लोगों की चिंताओं पर विचार करना चाहिए।
1 अगस्त को होगा ‘नेशनल टाउनहॉल अगेंस्ट E20’
अरविंद केजरीवाल ने बताया कि 1 अगस्त को दिल्ली में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में—
- विशेषज्ञों को आमंत्रित किया जाएगा।
- वाहन मालिक अपने अनुभव साझा करेंगे।
- आम नागरिक भी अपनी राय रख सकेंगे।
- दिल्ली से बाहर के लोग ऑनलाइन माध्यम से भी जुड़ सकेंगे।
उन्होंने कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य E20 नीति पर सार्वजनिक चर्चा को बढ़ावा देना है।
ऑनलाइन भागीदारी की भी सुविधा
AAP के अनुसार, जो लोग दिल्ली नहीं पहुंच सकते, वे ऑनलाइन कार्यक्रम में शामिल हो सकेंगे। इच्छुक प्रतिभागियों के लिए पंजीकरण की व्यवस्था भी की गई है, जिसके बाद उन्हें कार्यक्रम से जुड़ने की जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
प्रधानमंत्री से समाधान की अपील
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान केजरीवाल ने प्रधानमंत्री से आग्रह किया कि E20 से जुड़ी लोगों की चिंताओं का समाधान किया जाए।
उन्होंने कहा कि यदि इस विषय पर समय रहते स्पष्टता और समाधान नहीं हुआ, तो यह बड़ा जनमुद्दा बन सकता है। यह उनके राजनीतिक बयान हैं और सरकार की ओर से इस संबंध में तत्काल कोई प्रतिक्रिया इस समाचार में उपलब्ध नहीं है।
प्रधानमंत्री आवास जाने की भी कही बात
केजरीवाल ने बताया कि E20 नीति के विरोध में एक ऑनलाइन याचिका चलाई गई है। उनके अनुसार, इस पर 2 लाख से अधिक लोगों ने समर्थन संदेश भेजे हैं।
उन्होंने कहा कि—
- इन संदेशों को प्रधानमंत्री तक पहुंचाया जाएगा।
- अगले सप्ताह प्रधानमंत्री आवास जाकर ज्ञापन देने की भी योजना है।
- आंदोलन की आगे की रणनीति टाउनहॉल कार्यक्रम के बाद तय की जाएगी।
E20 क्या है?
E20 वह ईंधन है जिसमें 20 प्रतिशत इथेनॉल और 80 प्रतिशत पेट्रोल का मिश्रण होता है। केंद्र सरकार ने चरणबद्ध तरीके से इस मिश्रण को बढ़ावा देने की नीति अपनाई है। इसके प्रमुख उद्देश्य हैं—
- पेट्रोलियम आयात पर निर्भरता कम करना।
- जैव ईंधन के उपयोग को बढ़ावा देना।
- किसानों से खरीदे जाने वाले इथेनॉल के माध्यम से कृषि क्षेत्र को समर्थन देना।
- उत्सर्जन कम करने की दिशा में प्रयास करना।
हालांकि, E20 को लेकर वाहन संगतता (Vehicle Compatibility), माइलेज और रखरखाव जैसे मुद्दों पर सार्वजनिक बहस भी जारी है।
मुख्य बातें
- अरविंद केजरीवाल ने 1 अगस्त को ‘नेशनल टाउनहॉल अगेंस्ट E20’ आयोजित करने की घोषणा की।
- उन्होंने E20 नीति पर लोगों की चिंताओं को उठाते हुए प्रधानमंत्री से समाधान की अपील की।
- कार्यक्रम में विशेषज्ञों, वाहन मालिकों और आम नागरिकों की भागीदारी का दावा किया गया है।
- दिल्ली से बाहर के लोग भी ऑनलाइन माध्यम से जुड़ सकेंगे।
- केजरीवाल ने कहा कि ऑनलाइन याचिका पर 2 लाख से अधिक समर्थन संदेश मिले हैं और उन्हें प्रधानमंत्री तक पहुंचाया जाएगा।
E20 पेट्रोल को लेकर राजनीतिक और सार्वजनिक बहस तेज होती दिखाई दे रही है। एक ओर केंद्र सरकार इसे वैकल्पिक ईंधन और ऊर्जा सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानती है, वहीं दूसरी ओर अरविंद केजरीवाल और उनकी पार्टी ने इससे जुड़ी चिंताओं को लेकर सार्वजनिक अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। इस मुद्दे पर आगे की स्थिति सरकार की प्रतिक्रिया और आगामी टाउनहॉल कार्यक्रम के बाद अधिक स्पष्ट हो सकती है।



