
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में सोमवार को MP टेक कॉन्क्लेव 3.0 का शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस आयोजन का उद्घाटन करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश अब केवल कृषि आधारित राज्य की पहचान तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि तकनीक, उद्योग और नवाचार के क्षेत्र में भी देश का प्रमुख केंद्र बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
इस कॉन्क्लेव में देश-विदेश के उद्योगपति, निवेशक, तकनीकी विशेषज्ञ और नीति निर्माता शामिल हुए। कार्यक्रम का उद्देश्य प्रदेश में तकनीक आधारित निवेश को बढ़ावा देना और उद्योग जगत के साथ नई साझेदारियां स्थापित करना है।
मध्य प्रदेश में तकनीकी विकास को मिलेगी नई गति
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश तेजी से बदल रहा है। पहले मध्य प्रदेश की पहचान मुख्य रूप से कृषि क्षेत्र से जुड़ी थी, लेकिन अब यहां आधुनिक तकनीक और उद्योगों के लिए नए अवसर तैयार हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य मध्य प्रदेश को:
- टेक्नोलॉजी आधारित उद्योगों का केंद्र बनाना।
- नए निवेश को आकर्षित करना।
- युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाना।
- स्टार्टअप और इनोवेशन को बढ़ावा देना।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर, अनुकूल औद्योगिक नीतियां और कुशल मानव संसाधन उपलब्ध हैं, जो प्रदेश को निवेश के लिए मजबूत विकल्प बनाते हैं।
AI, ड्रोन और डिफेंस टेक्नोलॉजी पर फोकस
MP टेक कॉन्क्लेव 3.0 में भविष्य की तकनीकों पर विशेष चर्चा हुई। इसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), ऑटोमेशन, सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग और रक्षा उत्पादन जैसे क्षेत्रों की संभावनाओं पर विशेषज्ञों ने विचार रखे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि मध्य प्रदेश में ड्रोन टेक्नोलॉजी और डिफेंस सेक्टर से जुड़ी तकनीकों पर भी काम हो रहा है। इससे प्रदेश में नए उद्योग स्थापित होने और रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है।
भारत की डिजिटल प्रगति का हिस्सा बनेगा MP
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि भारत पिछले वर्षों में तेजी से आगे बढ़ी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हुआ है। डिजिटल क्रांति और तकनीकी विकास ने देश में नए अवसर पैदा किए हैं।
उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश भी इस बदलाव का महत्वपूर्ण हिस्सा बन रहा है और राज्य सरकार तकनीकी क्षेत्र में निवेश बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खुलेंगे
मुख्यमंत्री ने कहा कि तकनीक आधारित उद्योगों के विस्तार से प्रदेश के युवाओं को बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर मिलेंगे।
इसके लिए सरकार:
- तकनीकी शिक्षा को मजबूत कर रही है।
- कौशल विकास कार्यक्रमों को बढ़ावा दे रही है।
- स्टार्टअप इकोसिस्टम को बेहतर बना रही है।
- उद्योगों की जरूरत के अनुसार युवाओं को प्रशिक्षित कर रही है।
उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश के युवा प्रतिभाशाली हैं और उन्हें सही अवसर मिलने पर वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकते हैं।
निवेशकों को सरकार का भरोसा
कॉन्क्लेव में शामिल निवेशकों और उद्योगपतियों ने मध्य प्रदेश में उपलब्ध संभावनाओं पर चर्चा की। विशेषज्ञों ने कहा कि प्रदेश की भौगोलिक स्थिति, संसाधन और विकसित होता इंफ्रास्ट्रक्चर इसे उद्योगों के लिए आकर्षक बनाते हैं।
मुख्यमंत्री ने निवेशकों से प्रदेश में निवेश करने की अपील करते हुए कहा कि सरकार उन्हें हर संभव सहयोग उपलब्ध कराएगी।
उन्होंने कहा कि उद्योगों की स्थापना के लिए जरूरी सुविधाएं, नीतिगत समर्थन और बेहतर माहौल तैयार किया जा रहा है।
टेक्नोलॉजी और उद्योग के नए युग की ओर MP
MP टेक कॉन्क्लेव 3.0 के माध्यम से मध्य प्रदेश सरकार ने साफ संकेत दिया है कि राज्य अब पारंपरिक क्षेत्रों के साथ-साथ आधुनिक तकनीक और उद्योगों में भी अपनी मजबूत पहचान बनाना चाहता है।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में मध्य प्रदेश देश के प्रमुख टेक्नोलॉजी और औद्योगिक हब में शामिल होगा।



